बाल गोविन्द वर्मा।
सिरौली गौसपुर।क़स्बासरांय में तैनात सफ़ाई कर्मचारियों पर इस बात का कोई फ़र्क नही पड़ता कि झाड़ू सीएम लगा रहे हैं या फिर पीएम। इसी का नतीज़ा है कि आज गन्दगी की वजह से बीमारियों ने क़स्बा क्षेत्र में निवास करने वाले हर व्यक्ति को प्रभावित किया है।
बताते चलें कि कस्बे में तैनात तीनों सफ़ाई कर्मचारी अपने कार्य से विमुंख हो गये हैं, जिसके परिणाम स्वरुप पूरे क़स्बा क्षेत्र में चैराहे से लेकर मोहल्ले तक गन्दगी का अम्बार लगा हुआ है। जो सीधे तौर पर बीमारियों को दावत दे रहा है। अब ऐसे में देश के प्रधानमंत्री या यूपी के मुख्यमंत्री या फिर अन्य अधिकारी भले ही झाड़ू लगा कर यह संदेश दे रहे हों किन्तु उनके द्वारा किए गए सभी प्रयास निरर्थक हैं, क्योंकि जब इस क़स्बे में तैनात कर्मचारी ही अपने काम व जिम्मेदारी को लेकर सजग नही हैं तो फिर योगी के स्वच्छता अभियान का कोई मतलब नही बनता। क़स्बे में तैनात कर्मचारी वेतन जरूर सरकार से लेते हैं, लेकिन काम वही करते हैं जो इन्हें अच्छा लगता है।यह अपने अधीन काम करने के लिए 250/- रूपये प्रतिदिन पर महीने भर में एक-आध सप्ताह के लिए नौकर रख लेते हैं। ये किराये के नौकर ही साफ़-सफ़ाई का काम करते हैं, जबकि सफ़ाई कर्मी बाबूजी बनकर मौज़ उड़ाते रहते हैं। अब ऐसे में इन्हें किसी बात की फ़िक्र नही कि सफाई होगी या नही।
बात सिर्फ़ क़स्बा बदोंसराय की नही है, बल्कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में तैनात सफ़ाई कर्मियों व ग्राम प्रधान की मिली-जुली सांठ-गाँठ की वजह से सफ़ाई कर्मियों की कामचोरी की है। आज जहाँ भी ग्राम प्रधान ने सफ़ाई कर्मियों के खिलाफ़ कोई भी कार्रवाई नही की है या फिर सफाई कर्मी से अच्छा ताल-मेल सेट हो गया है, वहाँ पर सफ़ाई कर्मी पंचायत कीनही बल्कि सिर्फ़ ग्राम प्रधान के घर की सफाई तक ही सीमित हो गए हैं। अब हाल यह है कि ज्यादातर ऐसे गांव जहाँ सफ़ाई कर्मी तैनात होने के बाद भी गांव के रास्ते गंदे व नालियां कीचड़ से बजबजा रही हैं। इसके अलावा बीमारियों ने ऐसे गांव के लोगों को अपना लिया है।
सफ़ाई कर्मचारियों की उनके काम के प्रति ऐसी उदासीनता को लेकर बदोंसराय निवासी ज्योति गुप्ता ने खण्डविकास अधिकारी भानु प्रताप सिंह को लिखित शिकायती पत्र दिया है, जिसकी जांच करने के लिए सहायक खण्डविकास अधिकारी हितेंद्रपाल सिंह को जांचोपरांत तुरंत कार्यवाही का आदेश दिया है। शायद इस प्रकार की शिकायत पर तुरंत एक्शन लेना कहीं न कहीं योगी सरकार के स्वच्छता अभियान की वजह से माना जाता है।
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